संयुक्त वाक्य: परिभाषा एवं उदाहरण

Sanyukt Vakya

Sanyukt Vakya

प्रयोग और संरचना के आधार पर वाक्य के तीन प्रकार होते हैं, जिनमें से एक संयुक्त वाक्य (Sanyukt Vakya) होता है. संयुक्त वाक्य में दो या दो से अधिक स्वतंत्र साधारण वाक्य या प्रधान उपवाक्य होते हैं। इस लेख में हम संयुक्त वाक्य (Sanyukt Vakya) के बारे में विस्तार पूर्वक पढ़ेंगे। अतः संयुक्त वाक्य (Sanyukt Vakya) को परीक्षा के दृष्टिकोण से समझने के लिए सम्पूर्ण लेख को धैर्य पूर्वक पढ़ें।

Sanyukt Vakya
Sanyukt Vakya

संयुक्त वाक्य की परिभाषा (Sanyukt Vakya Ki Paribhasha)

जिस वाक्य में दो या दो से अधिक स्वतंत्र साधारण वाक्य या प्रधान उपवाक्य उपस्थित हों तो उस वाक्य को संयुक्त वाक्य (Sanyukt Vakya) कहते हैं। संयुक्त वाक्य में प्रयुक्त सभी उपवाक्य स्वतंत्र होते हैं, अर्थात किसी भी उपवाक्य को हटा देने से शेष वाक्यों के अर्थ पर कोई प्रभाव नहीं पड़ता है।

जैसे:-

  • राम खेल रहा है, मोहन पढ़ रहा है लेकिन श्याम लिख रहा है।

उपरोक्त वाक्य में तीन स्वतंत्र साधारण वाक्य हैं। आप देख सकते हैं कि प्रत्येक वाक्य का अपना कर्ता और क्रिया है। उपरोक्त वाक्य में से यदि किसी एक उपवाक्य को हटा दिया जाए तो अन्य उपवाक्यों पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा, क्योंकि संयुक्त वाक्य का प्रत्येक उपवाक्य स्वतंत्र साधारण वाक्य होता है।

संयुक्त वाक्य की परिभाषा के अनुसार जिस वाक्य में दो या दो से अधिक स्वतंत्र साधारण वाक्य या प्रधान उपवाक्य उपस्थित हों तो उस वाक्य को संयुक्त वाक्य कहते हैं। अतः उपरोक्त वाक्य संयुक्त वाक्य का उदाहरण होगा।

संयुक्त वाक्य में प्रयुक्त सभी वाक्य संयोजक शब्दों ( किंतु, परंतु, लेकिन, तथा, या, एवं, अथवा, और, बल्कि, अतः ) से जुड़े हुए रहते हैं, लेकिन यह कोई आवश्यक शर्त नहीं है, क्योंकि बिना संयोजक शब्दों के भी संयुक्त वाक्य हो सकता है।

संयुक्त वाक्य के प्रधान उपवाक्य चार प्रकार के समानाधिकरण संबंधबोधक अव्ययों से जुड़े रहते हैं.

  1. संयोजक (और)
  2. विभाजक (या)
  3. विरोधदर्शक (किन्तु, परन्तु)
  4. परिणामबोधक (इसलिए)

संयुक्त वाक्य के उदाहरण – Sanyukt vakya Ke Udaharan

  1. महेश खेलता है और रमेश पढता है।
  2. रमेश बीमार है इसलिए आज खेलने नहीं आया है।
  3. मैं स्कूल से घर आया ही था की श्याम अपनी पतंग लेकर आ गया और हम दोनों पतंग उड़ाने चले गए।
  4. श्याम मेहनती है किन्तु समय का पाबंद नहीं है।
  5. ग्रह सूर्य के आसपास घूमते हैं और उपग्रह सूर्य के आसपास घूमते हैं।
  6. गर्मी से धातु फैलती है और ठण्ड से सिकुड़ती है।
  7. हीरा खूबसूरत और कीमती होता है।
  8. में आगे बढ़ गया, और वह पीछे रह गया।
  9. उसको न नींद आती है, न भूख-प्यास लगती है।
  • मैं आगे बढ़ गया और वह पीछे रह गया।

उपरोक्त वाक्य में दो साधारण वाक्य एक योजक शब्द ‘और’ की सहायता से जुड़कर संयुक्त वाक्य बना रहे हैं।

संयुक्त वाक्य (Sanyukt Vakya) की परिभाषा के अनुसार ‘जिस वाक्य में दो या दो से अधिक स्वतंत्र साधारण वाक्य या प्रधान उपवाक्य उपस्थित हों तो उस वाक्य को संयुक्त वाक्य कहते हैं।’ उपरोक्त वाक्य में भी दो प्रधान उपवाक्य अथवा दो साधारण वाक्य उपस्थित हैं।

संयुक्त वाक्य के नियमानुसार उपरोक्त वाक्य के सभी उपवाक्य स्वतंत्र हैं, अर्थात किसी एक उपवाक्य को हटा देने से दूसरे उपवाक्य पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा।

अतः यह वाक्य संयुक्त वाक्य (Sanyukt Vakya) होगा।

  • महेश खेलता है और रमेश पढ़ता है।

उपरोक्त वाक्य में दो साधारण वाक्य संयोजक शब्द (और) की सहायता से जुड़कर संयुक्त वाक्य बना रहे हैं। आप देख सकते हैं कि उपरोक्त वाक्य में मौजूद प्रत्येक उपवाक्य का अपना कर्ता एवं क्रिया है।

इसके अतिरिक्त उपरोक्त वाक्य में से यदि किसी एक उपवाक्य को हटा दिया जाए तो शेष वाक्य के अर्थ में कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा। अतः संयुक्त वाक्य के नियमानुसार इस वाक्य के दोनों उपवाक्य स्वतंत्र हैं।

संयुक्त वाक्य (Sanyukt Vakya) की परिभाषा के अनुसार ‘जिस वाक्य में दो या दो से अधिक स्वतंत्र साधारण वाक्य या प्रधान उपवाक्य उपस्थित हों तो उस वाक्य को संयुक्त वाक्य कहते हैं।’ उपरोक्त वाक्य में भी दो प्रधान उपवाक्य अथवा दो साधारण वाक्य उपस्थित हैं।

अतः यह वाक्य संयुक्त वाक्य (Sanyukt Vakya) होगा।

  • रमेश बीमार है इसलिए आज खेलने नहीं आया है।

उपरोक्त वाक्य में दो साधारण वाक्य परिणामबोधक शब्द (इसलिए) की सहायता से जुड़कर संयुक्त वाक्य बना रहे हैं।

उपरोक्त वाक्य संयुक्त वाक्य की परिभाषा को संतुष्ट कर रहा है, जिसके अनुसार ‘जिस वाक्य में दो या दो से अधिक स्वतंत्र साधारण वाक्य या प्रधान उपवाक्य उपस्थित हों तो उस वाक्य को संयुक्त वाक्य कहते हैं।’

अतः उपरोक्त वाक्य संयुक्त वाक्य (Sanyukt Vakya) का उदाहरण होगा।

FAQs

संयुक्त वाक्य में उपवाक्य को क्या कहते हैं?

संयुक्त वाक्य में उपवाक्य को समानाधिकरण उपवाक्य कहते हैं, जो संयोजक, विभाजक, विरोधदर्शक या परिणामबोधक से जुड़े रहते हैं.

संयुक्त वाक्य की पहचान कैसे की जा सकती है?

संयुक्त वाक्य की पहचान वाक्य में उपस्थित संयोजक, विभाजक, विरोधदर्शक या परिणामबोधक शब्दों से की जा सकती है तथा वाक्य में उपस्थित स्वतंत्र साधारण वाक्य या प्रधान उपवाक्य को देखकर भी की जा सकती है.

संयुक्त वाक्य के समानाधिकरण उपवाक्य में संयोजक कौन से क्रम का संबंध है?

संयुक्त वाक्य के समानाधिकरण उपवाक्य में संयोजक कौन से प्रथम क्रम का संबंध है.

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